IGNOU SOLVED HINDI ASSIGNMENTS MASTER OF ARTS(ECONOMICS) SECOND YEAR COURSES

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एम.पी.बी.ओ.यू.–006/106 सत्रीय असाइनमेंट
विषय: समाजशास्त्र का सिद्धांत एवं पद्धति (बी.ए. प्रथम वर्ष)

खण्ड – अ
(नोट: खण्ड ‘अ’ के सभी प्रश्नों के उत्तर देना अनिवार्य है। प्रत्येक प्रश्न 10 अंक का है।)

  1. समाजशास्त्र सिद्धांत किस प्रकार समाजशास्त्र सिद्धांत से भिन्न तथा समान है? क्या समाजशास्त्र सिद्धांत समाज के अध्ययन के लिए आवश्यक है? समाजशास्त्र सिद्धांत के प्रमुख दृष्टिकोणों का संक्षेप में वर्णन कीजिए।
    (क) समाजशास्त्र सिद्धांत किस प्रकार समाजशास्त्र सिद्धांत से भिन्न तथा समान है?
    (ख) क्या समाजशास्त्र सिद्धांत समाज के अध्ययन के लिए आवश्यक है?
    (ग) समाजशास्त्र सिद्धांत के प्रमुख दृष्टिकोणों का संक्षेप में वर्णन कीजिए।
  2. समाजशास्त्र सिद्धांत के उद्भव का संक्षेप में वर्णन कीजिए। समाजशास्त्र सिद्धांत के उद्भव में किस प्रकार की घटनाओं ने योगदान दिया है?

खण्ड – ब
(नोट: खण्ड ‘ब’ के किसी एक प्रश्न का उत्तर देना अनिवार्य है। प्रत्येक प्रश्न 10 अंक का है।)

  1. समाजशास्त्र सिद्धांत समाजशास्त्र के अध्ययन में किस प्रकार सहायक है? समाजशास्त्र सिद्धांत के प्रमुख दृष्टिकोणों का संक्षेप में वर्णन कीजिए।
  2. समाजशास्त्र सिद्धांत के विकास में औद्योगिक क्रांति का क्या योगदान रहा है? समाजशास्त्र सिद्धांत के विकास में औद्योगिक क्रांति के प्रमुख प्रभावों का वर्णन कीजिए।

खण्ड – ब
(नोट: खण्ड ‘ब’ के किसी एक प्रश्न का उत्तर देना अनिवार्य है। प्रत्येक प्रश्न 10 अंक का है।)

  1. समाजशास्त्र का सिद्धांत किसे कहते हैं?
    (क) समाजशास्त्र सिद्धांत
    (ख) प्रमुख दृष्टिकोण
    (ग) समाजशास्त्र सिद्धांत के प्रमुख दृष्टिकोण
  2. समाजशास्त्र सिद्धांत के उद्भव का संक्षेप में वर्णन कीजिए। समाजशास्त्र सिद्धांत के उद्भव में किस प्रकार की घटनाओं ने योगदान दिया है?
  3. समाजशास्त्र सिद्धांत समाजशास्त्र के अध्ययन में किस प्रकार सहायक है? समाजशास्त्र सिद्धांत के प्रमुख दृष्टिकोणों का संक्षेप में वर्णन कीजिए।


एमएचई-007 : अंतर्राष्ट्रीय व्यापार एवं वित्त
विषयक मूल्यांकित सत्रीय कार्य (टीएमए)

पाठ्यक्रम कोड : एमएचई-007
सत्रीय कार्य कोड : एमएचई-007/सत्रीय कार्य/2024-25
अंक : 100

नोट : सभी प्रश्नों के उत्तर दें।

खंड – क

प्रत्येक प्रश्न का उत्तर लगभग 700 शब्दों में दें। इस खंड का प्रत्येक प्रश्न 20 अंक का है।

  1. रिकार्डो के तुलनात्मक लाभ सिद्धांत की आलोचनात्मक चर्चा कीजिए। यह एडम स्मिथ की पूर्ण लाभ सिद्धांत से कैसे भिन्न है?
  2. व्यापार शर्तों के विभिन्न संकल्पनाओं को समझाइए। विभिन्न द्वारा समझाये गये व्यापार शर्तों के प्रयोजनाओं की तुलनात्मक जाँच कीजिए।

खंड – ख

प्रत्येक प्रश्न का उत्तर लगभग 500 शब्दों में दें। इस खंड का प्रत्येक प्रश्न 12 अंक का है।

  1. अंतर्राष्ट्रीय व्यापार के बढ़नेवाले लाभ को समझाइए। इसके मुख्य कारण को समझाइए।
  2. आर्थिक एकीकरण के विभिन्न स्वरूप क्या हैं? व्यापार-परिवर्तित व्यापार-सृजन में किस प्रकार भिन्न हैं?
  3. अंतर्राष्ट्रीय मुद्रा प्रणाली के प्रमुख की व्याख्या कीजिए। अंतर्राष्ट्रीय मुद्रा व वित्तीय प्रणाली के प्रवृत्तियों का वर्णन कीजिए।
  4. अंतर्राष्ट्रीय ऋण के विभिन्न स्रोतों की चर्चा कीजिए। कोटा तथा टैरिफ के बीच अंतर कीजिए।
  5. निर्यात तथा घर विभिन्न दरों के तुलनात्मक गुणों की आलोचनात्मक चर्चा कीजिए।


एमएसई-107: अंतरराष्ट्रीय व्यापार एवं विकास
विषय: मूल्यांकित सत्रीय कार्य (टीएमपी)

पाठ्यक्रम कोड: एमएसई-107
सत्रीय कार्य कोड: एमएसई-107/एमएसईटी-1/2024-2025
कुल अंक: 100

नोट: सभी प्रश्नों के उत्तर दें।

खंड – क

प्रत्येक प्रश्न का उत्तर लगभग 700 शब्दों में देना है। इस खंड का प्रत्येक प्रश्न 20 अंक का है।

  1. विकास के तुलनात्मक लाभ के सिद्धांत की आलोचनात्मक चर्चा कीजिए। यह एमएसईटी के सिद्धांत साथ के सिद्धांत से किस प्रकार भिन्न है?
  2. व्यापार को विभिन्न अवरोधनों की व्याख्या कीजिए। प्रौद्योगिकी प्रगति द्वारा समस्याएं एवं व्यापार तथा के व्यवहार की आलोचनात्मक चर्चा कीजिए।

खंड – ख

प्रत्येक प्रश्न का उत्तर लगभग 500 शब्दों में देना है। इस खंड का प्रत्येक प्रश्न 12 अंक का है।

  1. अंतर्राष्ट्रीय व्यापार के बहुपक्षीय होने की व्याख्या कीजिए। इसके प्रमुख विशेषताओं की व्याख्या कीजिए।
  2. आर्थिक एकीकरण के विभिन्न स्तरों का वर्णन कीजिए। व्यापार सृजन व व्यापार विचलन से किस प्रकार से राष्ट्र प्रभावित होते हैं?
  3. अंतर्राष्ट्रीय मौद्रिक प्रणाली के विकास की व्याख्या कीजिए। अंतर्राष्ट्रीय मौद्रिक और वित्तीय प्रणाली में सुधारों की सिफारिशों की व्याख्या कीजिए।
  4. प्रत्यक्ष विदेशी निवेश (एफडीआई) की चर्चा कीजिए। प्रत्यक्ष विदेशी निवेश और विदेशी पोर्टफोलियो निवेश (एफपीआई) के बीच अंतर कीजिए।
  5. रियल (मुद्रा) और नोमिनल (नाम) विनिमय दरों के बीच गुणों और दोषों का सामाजिक-आर्थिक परीक्षण कीजिए।


एम.ई.ई.-008 : सामाजिक क्षेत्र और पर्यावरण का अर्थशास्त्र
शिक्षक मूल्यांकनिक सत्रीय कार्य

पाठ्यक्रम कोड: एम.ई.ई.-008
सत्रीय कार्य कोड : एम.ई.ई.008/एस.ई. (टी.एम.पी.)/2024-25
पूर्णांक : 100

नोट : सभी प्रश्नों के उत्तर दें।

भाग – क

प्रत्येक प्रश्न का उत्तर लगभग 700 शब्दों में देना है। इस खंड का प्रत्येक प्रश्न 20 अंक का है।

  1. आय के स्तर को विकास का सूचक मान लिया गया है। किस प्रकार से विकास के बहुआयामी स्वरूप के निर्धारण के उद्देश्य को हानि हो रही है? व्याख्या करें।
  2. उपभोग संबंधी वैज्ञानिक कर्मों के आधार पर गॉर्डन ने सिद्ध किया है कि किसी वस्तु की मांग का अधिकतम स्तर और उसकी पूर्ति से संतुलन प्राप्त करना असंभव है। व्याख्या करें।

भाग – ख

प्रत्येक प्रश्न का उत्तर लगभग 500 शब्दों में देना है। इस खंड का प्रत्येक प्रश्न 12 अंक का है।

  1. ‘नवउदारवादी अर्थशास्त्र’ से ‘संरचनात्मक अर्थशास्त्र’ की ओर संक्रमण की व्याख्या करें।
  2. पर्यावरण प्रदूषण के नियंत्रण के लिए ‘आर्थिक साधनों’ और ‘शुद्ध कानूनी विधियों’ में क्या अंतर है?
  3. ‘सामाजिक क्षेत्र में ‘साझा साधनों’ पर एक टिप्पणी लिखें।
  4. सिंगलटन 2000 के संदर्भ में भारत में ‘शिक्षा बजट’ के विकास का अंतर स्पष्ट करें।
  5. सार्वजनिक स्वास्थ्य सेवाओं में ‘सामाजिक मूल्य’ लागू किए जाने के क्या लाभ हो सकते हैं? ऐसे किसी एक क्षेत्र का उल्लेख करें जहां ऐसा किया जा सकता है।


एम.ई.सी.-108: सामाजिक क्षेत्र और पर्यावरण का अर्थशास्त्र
शिक्षक मूल्यांकन सतत् कार्य

पाठ्यक्रम कोड: एम.ई.सी.-108
सत्रीय कार्य कोड: एम.ई.सी.-108/एस.टी./2024-25
पूर्णांक: 100

नोट: सभी प्रश्नों के उत्तर दें।

खंड – क
प्रत्येक प्रश्न का उत्तर लगभग 700 शब्दों में देना है। इस खंड का प्रत्येक प्रश्न 20 अंक का है।

  1. ऊर्जा उपभोग की ओर ले जाने वाली विभिन्न “रणनीति के विकल्पों” की विशेषताओं पर चर्चा करें।
  2. श्रमिकों के स्वास्थ्य और उत्पादकता में योगदान करने में “स्वास्थ्य मजदूरी” के महत्व पर चर्चा करें।

खंड – ख
प्रत्येक प्रश्न का उत्तर लगभग 500 शब्दों में देना है। इस खंड का प्रत्येक प्रश्न 12 अंक का है।

  1. समाज में वनों द्वारा गरीब समुदायों का योगदान निरूपित करें।
  2. अनौपचारिक संस्थानों के अधिकतम प्रयोग में आने वाली प्रमुख चुनौतियों पर चर्चा करें।
  3. अ-स्थल तथा स्थल जल प्रदूषण में गैर-परंपरागत संस्थानों के अधिक प्रयोग विषयक परिणामों की चर्चा करें।
  4. पर्यावरणीय प्रदूषण के प्रभावों के संबंध में “अर्थशास्त्र” की प्रासंगिकता पर चर्चा करें।
  5. मृदा-प्रदूषण की विभिन्नता और अन्य दोनों रसायनों में स्वास्थ्य क्षेत्र का क्रय के लिए अम्लीयता की जाँच की प्रक्रिया की चर्चा करें।


एम.ई.डी.-100 : अध्यापन में अनुसंधान विधियाँ
शिक्षक मूल्यांकन सतत् कार्य

पाठ्यक्रम कोड: एम.ई.डी.-100
सत्रीय कार्य कोड: एम.ई.डी.-100/सत्रीय कार्य/2024-25
कुल अंक: 100

नोट: सभी प्रश्नों के उत्तर दें।

प्रश्न – 1
निम्नलिखित प्रश्नों में से किसी एक का उत्तर दें। (शब्द सीमा 700 शब्दों से कम न हो। प्रत्येक प्रश्न के अंक 20 हैं।)

  1. “उपपत्ति विधि (Deductive Strategy) को समझाइए। इसके उपयोग के लाभ और हानियों का वर्णन कीजिए।” या “शिक्षण में उपपत्ति विधि का प्रयोग किस प्रकार किया जा सकता है? उदाहरण देकर समझाइए।”
  2. “शिक्षण में ‘अधिगम के सिद्धांत (learning principle)’ के प्रयोग को समझाइए।” या “शिक्षण में अधिगम के सिद्धांत का प्रयोग किस प्रकार किया जा सकता है? उदाहरण देकर समझाइए।”

प्रश्न – 2
निम्नलिखित प्रश्नों में से किसी एक का उत्तर दें। (शब्द सीमा 600 शब्दों से कम न हो। प्रत्येक प्रश्न के अंक 12 हैं।)

  1. अधिगम प्रक्रिया के विभिन्न चरणों को समझाइए।
    या
    सन् 2000 के पश्चात् किए गए शोध कार्यों के निष्कर्षों के आधार पर अधिगम की प्रक्रिया में आए परिवर्तनों का वर्णन कीजिए।

Log C₀ = 4.3013 + log R – 0.17 log Y
जहाँ C₀ = (9.91) (0.32) (2.20) R² = 0.27

(i) उपर्युक्त सूत्र में R का मान निकालिए।
(ii) यदि C₀ = 8.5 हो तो उपर्युक्त सूत्र में Y का मान क्या होगा?
(iii) उपर्युक्त सूत्र का प्रयोग कहाँ और क्यों किया जाता है?

प्रश्न – 3
निम्नलिखित प्रश्नों में से किसी एक का उत्तर दें। (शब्द सीमा 500 शब्दों से कम न हो। प्रत्येक प्रश्न के अंक 12 हैं।)

  1. प्रतिनिधि नमूना (representative sample) के चयन के विभिन्न चरणों को समझाइए।
    या “प्रतिनिधि नमूना के चयन में आने वाली कठिनाइयों का वर्णन कीजिए।”
  2. शोध प्रक्रिया में त्रुटियों का वर्णन कीजिए। त्रुटियों के प्रकारों के उदाहरणों के साथ वर्णन कीजिए।
  3. सूचना संग्रहण के दो उपकरणों का वर्णन कीजिए। सूचना संग्रहण की प्रक्रिया को भी समझाइए।
  4. निम्नलिखित में से किसी एक पर संक्षिप्त टिप्पणी लिखें:
    (i) कारक भार (Factor Loading)
    (ii) विषय वस्तु विश्लेषण की विधियाँ (approaches of content analysis)
    (iii) शोध विधि (Research Design)
    (iv) कार्य अनुसंधान (Action Research)


एम.ई.ई.-001: औद्योगिक विधियां
विषय: यांत्रिकीय कार्यशाला कार्य

पाठ्यक्रम कोड: एम.ई.ई.-001
कक्षा कोड: एम.ई.ई.-001/सत्र/2024-25
अधिकतम अंक: 100

नोट: सभी प्रश्नों के उत्तर दें।

खंड – क

प्रत्येक प्रश्न का उत्तर लगभग 700 शब्दों में दें। प्रत्येक प्रश्न 20 अंक का है।

विस्तृत उत्तरों में स्पष्टता और उदाहरण शामिल करें।

  1. विश्वसनीयता का अर्थ और इसे कैसे मापा जाता है? आप किसे अधिकतर के रूप में विश्वसनीयता को मापने की विधि का चयन करेंगे?
  2. एक प्रणाली में, R = R1 + R2 + R3 + R4 + R5 + R6 + R7 + R8 + R9 + R10 + R11 + R12 + R13 + R14 + R15 + R16 + R17 + R18 + R19 + R20 + R21 + R22 + R23 + R24 + R25 + R26 + R27 + R28 + R29 + R30 + R31 + R32 + R33 + R34 + R35 + R36 + R37 + R38 + R39 + R40 + R41 + R42 + R43 + R44 + R45 + R46 + R47 + R48 + R49 + R50 + R51 + R52 + R53 + R54 + R55 + R56 + R57 + R58 + R59 + R60 + R61 + R62 + R63 + R64 + R65 + R66 + R67 + R68 + R69 + R70 + R71 + R72 + R73 + R74 + R75 + R76 + R77 + R78 + R79 + R80 + R81 + R82 + R83 + R84 + R85 + R86 + R87 + R88 + R89 + R90 + R91 + R92 + R93 + R94 + R95 + R96 + R97 + R98 + R99 + R100.

खंड – ख

प्रत्येक प्रश्न का उत्तर लगभग 600 शब्दों में दें। प्रत्येक प्रश्न 12 अंक का है।

विस्तृत उत्तरों में स्पष्टता और उदाहरण शामिल करें।

  1. प्रतिरोधकता (resistivity), R = R1 + R2 + R3 + R4 + R5 + R6 + R7 + R8 + R9 + R10 + R11 + R12 + R13 + R14 + R15 + R16 + R17 + R18 + R19 + R20 + R21 + R22 + R23 + R24 + R25 + R26 + R27 + R28 + R29 + R30 + R31 + R32 + R33 + R34 + R35 + R36 + R37 + R38 + R39 + R40 + R41 + R42 + R43 + R44 + R45 + R46 + R47 + R48 + R49 + R50 + R51 + R52 + R53 + R54 + R55 + R56 + R57 + R58 + R59 + R60 + R61 + R62 + R63 + R64 + R65 + R66 + R67 + R68 + R69 + R70 + R71 + R72 + R73 + R74 + R75 + R76 + R77 + R78 + R79 + R80 + R81 + R82 + R83 + R84 + R85 + R86 + R87 + R88 + R89 + R90 + R91 + R92 + R93 + R94 + R95 + R96 + R97 + R98 + R99 + R100.
  2. एक प्रणाली में, R = R1 + R2 + R3 + R4 + R5 + R6 + R7 + R8 + R9 + R10 + R11 + R12 + R13 + R14 + R15 + R16 + R17 + R18 + R19 + R20 + R21 + R22 + R23 + R24 + R25 + R26 + R27 + R28 + R29 + R30 + R31 + R32 + R33 + R34 + R35 + R36 + R37 + R38 + R39 + R40 + R41 + R42 + R43 + R44 + R45 + R46 + R47 + R48 + R49 + R50 + R51 + R52 + R53 + R54 + R55 + R56 + R57 + R58 + R59 + R60 + R61 + R62 + R63 + R64 + R65 + R66 + R67 + R68 + R69 + R70 + R71 + R72 + R73 + R74 + R75 + R76 + R77 + R78 + R79 + R80 + R81 + R82 + R83 + R84 + R85 + R86 + R87 + R88 + R89 + R90 + R91 + R92 + R93 + R94 + R95 + R96 + R97 + R98 + R99 + R100.


एम.ई.सी.-003: बीमांकिक अर्थशास्त्र: सिद्धांत एवं व्यवहार
शिक्षक मूल्यांकित सत्रीय कार्य

पाठ्यक्रम कोड: एम.ई.सी.-003
सत्रीय कार्य कोड: एमईसी-003/एएसटी/2024-25
अधिकतम अंक: 100

नोट: सभी प्रश्नों के उत्तर दें। खंड–क से प्रत्येक प्रश्न का उत्तर लगभग 700 शब्दों में देना है। इस खंड के प्रत्येक प्रश्न का मान 20 अंक का है। खंड–ख से प्रत्येक प्रश्न का उत्तर लगभग 500 शब्दों में देना है। खंड–ख के प्रत्येक प्रश्न का मान 12 अंक का है।

खंड – क

प्रत्येक प्रश्न का उत्तर लगभग 700 शब्दों में देना है। इस खंड का प्रत्येक प्रश्न 20 अंक का है।

1) बीमा के कुछ महत्वपूर्ण उद्देश्य एवं कार्य की चर्चा कीजिए।

2) स्थायित्व वित्तीय विश्लेषण (DFA) मॉडल की संकल्पना कीजिए। DFA मॉडल का समय आयाम दर के साथ किस प्रकार बीमा व्यवसायिक मुद्दों पर विचार करता है?

खंड – ख

प्रत्येक प्रश्न का उत्तर लगभग 500 शब्दों में देना है। इस खंड का प्रत्येक प्रश्न 12 अंक का है।

3) बीमा जोखिम के बहु-अवधि वित्तीय मॉडल की व्याख्या कीजिए। कापलान-मेयर-रेस्टोरिक मॉडल पर चर्चा कीजिए।

4) वित्त के आधुनिक सिद्धांत यूटिलिटी-थ्योरी (उपयोगिता-सिद्धांत) बीमा के लिए नए मूल्यांकन सिद्धांत का प्रस्ताव करता है। स्पष्ट कीजिए।

5) बीमांकिक सिद्धांत की व्याख्या कीजिए।

6) ‘आकस्मिक वार्षिकी बीमा’ क्या है? इसका बीमांकिक वर्तमान मान कैसे निर्धारित किया जाता है?

7) व्यय मान सिद्धांत (EVT) क्या है? इसकी सीमाओं का वर्णन कीजिए।



एम.ई.सी.-103: बीमांकिक अर्थशास्त्र: सिद्धांत एवं व्यवहार
शिक्षक मूल्यांकित सत्रीय कार्य

पाठ्यक्रम कोड: एम.ई.सी.-103
सत्रीय कार्य कोड: एम.ई.सी.-103/टीएमए/2024-25
अधिकतम अंक: 100

नोट: सभी प्रश्नों के उत्तर दें।

खंड – क
प्रत्येक प्रश्न का उत्तर लगभग 700 शब्दों में देना है। इस खंड का प्रत्येक प्रश्न 20 अंक का है।

  1. व्यक्तियों के लिए स्वास्थ्य बीमा क्यों महत्वपूर्ण है? विभिन्न प्रकार के स्वास्थ्य बीमा अनुबंधों का वर्णन कीजिए।
  2. जोखिम शब्द को परिभाषित कीजिए। जोखिम की विभिन्न श्रेणियों पर चर्चा कीजिए। जोखिम का मूल्यांकन कैसे किया जाता है?

खंड – ख
प्रत्येक प्रश्न का उत्तर लगभग 500 शब्दों में देना है। इस खंड का प्रत्येक प्रश्न 12 अंक का है।

  1. कौन-सी सामान्य प्रथाएं हैं मान्यताओं पर आधारित हैं? कौन-सी प्रथाएं महत्वपूर्ण निष्कर्षों पर आधारित हैं?
  2. वार्षिकी का अर्थ क्या है? विभिन्न प्रकार की वार्षिकियों के बीच अंतर कीजिए।
  3. जोखिम प्रबंधन के लिए पारंपरिक दृष्टिकोण और आधुनिक दृष्टिकोण के बीच अंतर कीजिए।
  4. जोखिम प्रबंधन की प्रक्रिया का वर्णन कीजिए।
  5. निम्नलिखित पर संक्षिप्त टिप्पणियाँ लिखें:
    (क) निवेश नीति
    (ख) शुद्ध (वर्तमान) वर्तमान मूल्य
    (ग) जोखिम प्रीमियम


एमईजीई-004 : वित्तीय संस्था एवं बाजार
शिक्षक मूल्यांकित सत्रीय कार्य

पाठ्यक्रम कोड : एमईजीई-004
सत्रीय कार्य कोड : एमईजीई-004/टीएमए/2024-25
अंक भार : 100

नोट : सभी प्रश्नों के उत्तर दें।

खंड – क

प्रत्येक प्रश्न का उत्तर लगभग 700 शब्दों में दें। इस खंड का प्रत्येक प्रश्न 20 अंक का है।

  1. एक आधुनिक अर्थव्यवस्था में वित्तीय प्रणाली के प्रकृति की व्याख्या कीजिए, उसके मुख्य संस्थान, बाजार तथा एजेंसियों के बारे में समझाते हुए। वित्तीय बाजार में कौन-कौन से वित्तीय साधन प्रचलित हैं? उनके प्रकार की संक्षेपण में समझाइए।
  2. मानववित्त के सन्दर्भ में पोर्टफोलियो चयन की चर्चा कीजिए। पूंजी परिसंपत्ति मूल्य निर्धारण सिद्धांत इस पर कैसे आधारित है?

खंड – ख

प्रत्येक प्रश्न का उत्तर लगभग 500 शब्दों में दें। इस खंड का प्रत्येक प्रश्न 12 अंक का है।

  1. ब्याज दर की संरचना से संबंधित विभिन्न सिद्धांतों की आलोचनात्मक समीक्षा कीजिए।
  2. डेरिवेटिव मूल्य निर्धारण संबंधित ब्लैक–शोल्स मॉडल की चर्चा कीजिए।
  3. विदेशी विनिमय बाजार के कार्यों की व्याख्या कीजिए। उपयोग तथा लाभ एवं हानि की चर्चा कीजिए।
  4. वित्तीय जोखिम अनुमापन की चर्चा कीजिए। मोर्टन–फ्लेमिंग मॉडल समझाइए।
  5. वित्तीय संस्थानों के पूंजी पर्याप्तता मानदंड तथा जोखिम प्रबंधन की चर्चा कीजिए। कैम्ब्रिज स्कूल के संकल्पना को समझाइए।
  6. वित्तीय संकट की परिस्थितियों में मुद्रा नीति की तुलना कीजिए तथा विभिन्न देशों की परिस्थितियों में मुद्रा नीति के साथ।


एमपीएसई-008: कार्य, रोजगार और उत्पादकता में सम्मिलित जेंडर मुद्दे
शिक्षक मूल्यांकित सत्रीय कार्य (टीएमए)

पाठ्यक्रम कोड: एमपीएसई-008
सत्रीय कार्य कोड: एमपीएसई-008/टीएमए/2024-25
अधिकतम अंक: 100

नोट: सभी प्रश्नों के उत्तर दें।

खंड – क

प्रत्येक प्रश्न का उत्तर लगभग 700 शब्दों में देना है। इस खंड का प्रत्येक प्रश्न 20 अंक का है।

  1. क्या आपको लगता है कि काम के जेंडर के दृष्टिकोण से पुन: परिभाषा किया जाना चाहिए? उपयुक्त कुछ स्टडीज के आधार पर अपने उत्तर की पुष्टि कीजिए।
  2. श्रम बाजार विभाजन और श्रम शक्ति से संबंधित विभिन्न सिद्धांतों की उपयुक्त उदाहरण के साथ व्याख्या कीजिए।

खंड – ख

प्रत्येक प्रश्न का उत्तर लगभग 500 शब्दों में देना है। इस खंड का प्रत्येक प्रश्न 12 अंक का है।

  1. कार्यस्थल पर यौन उत्पीड़न को रोकने के लिए क्या प्रक्रियाएँ होनी चाहिए? व्यावसायिक स्वास्थ्य और सुरक्षा के संदर्भ में अपने उत्तर की पुष्टि कीजिए।
  2. महिलाओं के श्रम शक्ति में भागीदारी में वृद्धि के लिए नीतिगत पहल पर चर्चा कीजिए।
  3. श्रम के सामाजिक संगठन में परिवार की भूमिका महत्वपूर्ण है। सामाजिक अनुसंधान के उदाहरण के साथ व्याख्या कीजिए।
  4. समय के साथ श्रम बाजार की परिस्थितियों को परिवर्तित किया गया, वर्णन कीजिए।

निम्नलिखित में से किसी एक पर टिप्पणी लिखें:

i) श्रम आपूर्ति का परिप्रेक्ष्य
ii) श्रम शक्ति विभाजन
iii) श्रम शक्ति का प्रवासन
iv) औपचारिक अर्थव्यवस्था में “योग्यता बहिष्करण”: जातीय श्रमिक


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